संतकबीरनगर, अप्रैल 16 -- संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। ह्रदयाघात वाले मरीजों का अब सीएचसी पर भी प्राथमिक उपचार किया जाएगा। उसके बाद मरीज को इलाज के लिए बीआरडी, हायर सेंटर इलाज के लिए भेज दिया जाएगा। सरकार की इस पहल से हृदयाघात वाले मरीजों की जान आसानी से बचाई जा सकती है। पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर जिला अस्पताल सहित जिले के पांच चिकित्सालयों में इसे शुरू शुरू किया गया है।जिले में चार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और एक जिला अस्पताल में हृदयाघात वाले मरीजों के पहुंचते ही ईसीजी की जाएगी। ईसीजी रिपोर्ट की जांच के लिए एक स्टेमी ग्रुप बनाया गया है। इस ग्रुप में गोरखपुर में हृदयरोग के विशेषज्ञ जुड़े होंगे जो मरीजों को ईसीजी रिपोर्ट के आधार पर दवाओं का सलाह देंगी। यह भी पढ़ें- हदय रोग विशेषज्ञ न होने से जिले के मरीज परेशान इसी ग्रुप में जांच रिपोर्ट ड...