अयोध्या, अप्रैल 4 -- अयोध्या। संवाददाता तीर्थ क्षेत्र पुरम में एकल श्रीहरि के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सत्संग प्रतियोगिता के प्रथम सत्र में पहुंचे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर कार्यवाह आलोक कुमार ने सभी कथाकारों व राष्ट्रीय प्रतियोगिता में शामिल सत्संग टोलियों का उत्साह वर्धन किया। उन्होंने कहा कि चाहे किसी मत, पंथ, सम्प्रदाय, जाति व परंपरा के मानने वाले हों, सभी को अपनी -अपनी इच्छा के अनुसार भगवान व ईश्वर के स्मरण की स्वतंत्रता है । उन्होंने कहा कि कोई भी कभी भी और कहीं भी व कैसे भी प्रभु स्मरण कर सकता है।उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया में हनुमान चालीसा को 500 करोड बार देखा गया। आज भी 60 प्रतिशत से अधिक लोग धार्मिक आस्था रखते हैं। हमारी परंपरा में मीरा, तुलसी, कबीर, नानक, आदि सभी भक्त कवि संगीतज्ञ रहे हैं। उन्होंने कहा कि स...