जल संरक्षण : करोड़ों खर्च फिर भी प्यासी धरती
सोनभद्र, मई 23 -- सोनभद्र/म्योरपुर, हिन्दुस्तान टीम। जिले में जल संरक्षण के लिए करोड़ों खर्च के बाद भी धरती की प्यास नहीं बुझ रही है। जल संरक्षण के लिए बनाए गए चेकडैम, तालाब, बावली भी भीषण गर्मी और तपिश के कारण तेजी से सूख रहे हैं। भीषण गर्मी और तपिश के कारण जलस्तर में भी तेजी से गिरावट आई है। इससे पेयजल संकट बढ़ रहा है। जंगली और पहाड़ी नालों को सूखने से पशु-पक्षी और जानवरों के समक्ष भी पेयजल संकट खड़ हो गया है। पानी की तलाश में जंगली जानवर रिहायशी इलाकों की ओर रुख कर रहे हैं और हमलावर हो रहे हैं। जिले के कुल 10 ब्लाकों में म्योरपुर, दुद्धी, कोन, घोरावल, नगवां एवं चोपन ब्लाक की स्थिति सबसे अधिक खराब हैं। इन ब्लाकों में जल संरक्षण के लिए चेकडैम, बावली, तालाब पर लाखों रुपये खर्च हुए लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। म्योरपुर ब्लॉक क्षेत्र के 72...
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