पटना, जनवरी 16 -- जल संरक्षण हमारी संस्कृति का हिस्सा है। हमारी सांस्कृतिक परंपरा में नदी, तालाब, कुआं, पेड़ और धरती को पूजनीय माना गया है। प्रकृति की रक्षा ही हमारी सांस्कृतिक विरासत है। कृषि मंत्री रामकृपाल यादव ने बामेती सभागार में शुक्रवार को आयोजित राज्यस्तरीय वाटरशेड महोत्सव-2026 का उद्घाटन करते हुए ये बातें कही। उन्होंने बताया कि राज्य के 18 जिलों के लिए वाटरशेड कार्यक्रम चल रहा है। इसके जरिए 35 योजनाएं चलाई जा रही हैं, कहा कि इस योजना के लिए भारत सरकार की ओर से 440 करोड़ की स्वीकृति दी गई है। इसके अंतर्गत 496 हेक्टेयर में पौधरोपण, 282 पक्के चेक डैम, 62 खेत तालाब, 361 जल संचयन तालाब, 756 आहर-पइन का जीर्णोद्धार तथा 344 कुओं का निर्माण/जीर्णोद्धार किया गया है। योजना का मुख्य उद्देश्य जन भागीदारी को बढ़ा कर वर्षा जल संचयन कर अतिरिक्त सि...
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