पटना, अप्रैल 28 -- जलवायु अनुकूल खेती के कारण मिट्टी में कार्बनिक पदार्थ की मात्रा 20 प्रतिशत बढ़ी है। साथ ही नाइट्रोजन में भी 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। फॉस्फोरस और पोटाश की मात्रा में 10-10 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। सोमवार को यह जानकारी कृषि विभाग ने दी है। विभाग के अनुसार 2019-20 से राज्य में जलवायु अनुकूल खेती शुरू हुई थी। इससे न सिर्फ जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से निपटने में मदद मिलेगी, बल्कि कृषि क्षेत्र को टिकाऊ और लाभकारी भी बनाया जा सकता है। जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम के शुरुआती समय में मिट्टी का पीएच मान 6.25 से 8.48 मापा गया था, वहीं पांच वर्ष बाद इसमें सुधार आया और यह 5 प्रतिशत की कमी के साथ पीएच मान 6.02 से 8.29 दर्ज किया गया है। यह भी पढ़ें- केंद्र सरकार ने सम्राट चौधरी सरकार को दिया झटका, मिट्टी जांच के लिए भेजे प्र...