सहरसा, मई 11 -- सलखुआ, एक संवाददाता। वर्षों से जलजमाव की समस्या से जूझ रहे मोबारकपुर-सलखुआ के बीच भोजहा बहियार में अब खेती की नई उम्मीद नजर आने लगी है। जहां पहले खेतों में जलकुंभी और पानी भरे रहने के कारण खेती करना मुश्किल था, वहीं अब उसी जमीन पर पहली बार मखाना की खेती शुरू की गई है। किसानों की यह पहल क्षेत्र में कृषि के बदलते स्वरूप की नई मिसाल बन रही है। सलखुआ प्रखंड के एसएच- 95 मुख्य मार्ग किनारे माठा मोड़ से मोबारकपुर तक फैली उपजाऊ भूमि लंबे समय से अनुपयोगी पड़ी थी। बरसात के बाद महीनों तक जलजमाव रहने से पारंपरिक फसलें बर्बाद हो जाती थीं। इससे किसानों को हर साल आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता था। ऐसे में किसानों ने वैकल्पिक खेती की दिशा में कदम बढ़ाते हुए मखाना उत्पादन शुरू किया है.

किसानों की नई पहल मोबारकपुर पंचायत के करीब आधा दर्जन किसान...