नई दिल्ली, सितम्बर 3 -- Janmashtami 2026: भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार जन्माष्टमी कई मायनों में खास मानी जा रही है। 4 सितंबर 2026, शुक्रवार को जन्माष्टमी मनाई जाएगी और इसी दिन कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि के साथ रोहिणी नक्षत्र का संयोग बनेगा। पंचांग और ज्योतिषीय गणना पर आधारित रिपोर्ट्स में इसे करीब 15 साल बाद बनने वाला विशेष संयोग बताया जा रहा है। श्रीकृष्ण के जन्म से रोहिणी नक्षत्र का खास संबंध माना जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान कृष्ण का जन्म भाद्रपद कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को रोहिणी नक्षत्र में मध्यरात्रि के समय हुआ था। यही वजह है कि जब जन्माष्टमी पर अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र एक साथ आते हैं तो इसे भक्तों के लिए विशेष अवसर माना जाता है।15 साल बाद क्यों खास माना जा रहा है ये संयोग? इस साल...