नई दिल्ली, अगस्त 25 -- जनगणना 2027 में कुछ अहम बदलावों की खबर सामने आई है। जानकारी के मुताबिक इस बार प्रश्नों की सूची से भिखारी का कॉलम हटा दिया गया है। इसके बाद देश के इतिहास में पहली बार राष्ट्रीय जनगणना में भीख मांगने वालों का आंकड़ा अलग से दर्ज नहीं किया जाएगा। टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक इस बार गैर-आर्थिक गतिविधियों की सूची से 'भिखारी और आवारा' की श्रेणी को हटा दिया गया है। अधिकारियों के हवाले से जानकारी मिली है कि पिछली जनगणनाओं में बेहद कम आंकड़ों को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। अधिकारियों का मानना है कि इस कैटेगरी में लोगों द्वारा दी जाने वाली जानकारी भरोसेमंद नहीं थी क्योंकि सामाजिक झिझक और बदनामी के डर से लोग खुद को 'भिखारी' के रूप में दर्ज कराने से कतराते थे। यह भी पढ़ें- जनगणना ड्यूटी से इनकार नहीं कर सकते हैं...