मुजफ्फरपुर, अप्रैल 4 -- बोचहां,हिन्दुस्तान संवाददाता सुल्तान बस्ती के मीर हसन एवं हस्बुल निशा के छोटे पुत्र अली हुसैन पहली बार काम करने रियाद गए हैं, पहुंचने के कुछ ही दिनों बाद युद्ध शुरू हो गया। हालांकि, वहां से अली हुसैन ने घर वालों को बताया कि यहां पर ज्यादा परेशानी नहीं है, फिर भी परिवार चिंतित रहते हैं। दुबई में कार्यरत सरफराज अहमद सिद्दीकी उर्फ रूमी बताते हैं कि मिसाइल के गिरने और आसमान में आतिशबाजी खौफ पैदा कर रहा है। अबू धाबी में एक कंपनी में मैनेजर के पद कार्यरत बल्थी के पूर्व मुखिया बहरामपुर निवासी डॉ शमीम अख्तर उर्फ राजाबाबू के पुत्र नसीम अख्तर ने परिजनों को आश्वसत किया कि सरकार सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। दुबई में बल्थी के नसीम नजर अस्सिटेंट बैंक मैनेजर हैं, उनके परिजनों ने बताया कि बात हो जाती है। अमन की दुआ करते हैं। बोचहा...