बांदा, मार्च 16 -- बांदा, कार्यालय संवाददाता । ऐतिहासिक अशोक लाट में अपनी समस्याओं को लेकर जहां आवाज उठाते और धरना प्रदर्शन करते थे, वह अब नहीं कर सकेंगे। सुंदरीकरण को लेकर लोनिवि ने रविवार को बाउंड्री वाल गिरा दी है। अब इस तिराहे को गोल आकार दिया जाएगा। पहले अशोक लाट के चारो ओर बाउंड्री थी जिसके नीचे बैठकर लोग धरना देते थे। इसके गिराए जाने से समाजसेवियों में काफी नराजगी है। इस स्थान पर समाजवादी नेता जय प्रकाश नरायण और जेपी बोस धरना तक धरना दे चुके हैं। हालांकि अधिकारियों का दावा है कि धरने प्रदर्शन पर रोक नहीं रहेगी। इस स्थल पर 12 जुलाई 1966 का दिन काले इतिहास के रूप में दर्ज है। अशोक लाट में पंडित नेहरू व पं. गोविंद वल्लभ पंत के संदेश शिलापट अभी भी लगे हुए हैं। --------क्या हुई थी घटना - 12 जुलाई 1966 को भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने सरका...