कटिहार, अक्टूबर 13 -- कटिहार, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि आगामी बिहार विधानसभा चुनाव में पारदर्शिता को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से निर्वाचन आयोग ने बड़ा कदम उठाया है। अब कोई भी उम्मीदवार अपनी आपराधिक पृष्ठभूमि छिपा नहीं सकेगा। आयोग ने सभी प्रत्याशियों के लिए यह अनिवार्य कर दिया है कि वे अपने खिलाफ दर्ज मुकदमों की जानकारी तीन बार जनता के बीच प्रचारित करें । वह भी प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया दोनों माध्यमों से। निर्वाचन आयोग के निर्देश के अनुसार, उम्मीदवार को पहली बार घोषणा नामांकन वापसी की अंतिम तिथि के चार दिन के भीतर करनी होगी। इसके बाद पांचवें से आठवें दिन के बीच दूसरी बार और नौवें दिन से लेकर मतदान की तिथि से 48 घंटे पूर्व तक तीसरी बार आपराधिक पृष्ठभूमि की जानकारी सार्वजनिक करनी होगी। यह जानकारी उम्मीदवारों को निर्धारित प्रपत्र सी-1 में त...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.