चक्रधरपुर, मार्च 29 -- चक्रधरपुर, संवाददाता। पश्चिमी सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर प्रखंड के केरा गांव में स्थित मां केरा मंदिर आस्था के साथ साथ सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को भी अपने साथ समेटे हुये है। मां केरा मंदिर के दरबार में हर साल अप्रैल माह में मेला का आयोजन किया जाता है। केरा राजपरिवार के दीपक सिंहदेव बताते हैं कि करीब चार सौ साल पहले अम के कामरूप कामाख्या से एक सिद्ध साधु मां भगवती की दिव्य प्रतिमा लेकर केरा पहुंचे थे, इसके बाद उन्होंने नदी के किनारे एक शांत वृक्ष के नीचे तपस्या आरंभ की। साधु के ब्रह्मलीन होने के बाद केरा रियासत के राजा ठाकुर लोकनाथ सिंहदेव को स्वप्न में मां भगवती ने दर्शन दिये और उसी पवित्र स्थान पर मंदिर का निर्माण कराने का आदेश दिया। इसके बाद केरा राजा द्वारा मां केरा की मंदिर का निर्माण कराया गया। इसके बाद से ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.