कन्नौज, फरवरी 15 -- छिबरामऊ, संवाददाता। महाशिवरात्रि के पर्व पर भगवान भोले शंकर को कांवड़ चढ़ाने की परंपरा है। इसको लेकर दो दिन से रात दिन बम-बम भोले के जयकारे गूंजायमान रहे। रंग-बिरंगी झालरों से सजी कांवर लेकर शिव भक्तों की टोली घुंघरूओं की झंकार और भक्ति गीतों के साथ अपनी यात्रा को पूरी करते दिखे। इस दौरान कई जगह स्टार लगाकर कांवड़ियों को पानी के पैकेट, चाय और फलाहार वितरित किया गया। मीलों दूर से आने वाले कांवड़िए गंगा तट पर जाकर स्नान कर वहां से जल लेकर पैदल ही अपना सफर तय कर महाशिवरात्रि के पर्व पर अपने आराध्य देव भगवान शिव को जलाभिषेक करते हैं। इटावा, औरैया, मैनपुरी समेत मध्य प्रदेश के आस-पड़ोस के कई जनपदों से शिव भक्त फर्रुखाबाद जनपद स्थित श्रंगीरामपुर पहुंचकर वहां गंगा स्नान करते हैं और फिर वहां से गंगा जल भरकर पैदल ही अपना सफर शुर...