दरभंगा, अगस्त 11 -- गणेश कुमार झा,घनश्यामपुर। बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के लोगों के लिए बीमार मरीजों को समय पर इलाज उपलब्ध करवाने के लिए भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। नदी में बाढ़ आने पर कमला बलान तथा कोसी नदी के दोनों तटबंधों के बीच बसे गांव टापू में तब्दील हो जाते हैं। चारों तरफ पानी से घिरे रहने के कारण घरों से निकल पाना काफी मुश्किल हो जाता है। सड़क संपर्क बाधित रहने से आवागमन के लिए लोग नाव पर आश्रित हो जाते हैं। इस क्षेत्र में घरों से निकलने के लिए नाव की जरूरत पड़ती है, जबकि सरकारी नाव का परिचालन घाट से तटबंध तक ही किया जाता है। ऐसे में इन गांवों में अगर किसी की तबीयत अचानक बिगड़ जाती है या कोई बीमार हो जाता है तो घर के लोगों पर विपत्ति का पहाड़ टूट पड़ता है। बाऊर के नरेश वर्मा, मनोरंजन लाल दास, गुड्डू वर्मा, नवटोलिया के मोलहु चौपाल, ...