रायबरेली, अप्रैल 11 -- रायबरेली,संवाददाता। गांवों में बने मकानों का स्वामित्व प्रमाण पत्र दिलाए जाने की केन्द्र सरकार की योजना जिले में समय से परवान नहीं चढ़ पाई। राजस्व कर्मियों की लापरवाही के चलते गांवों में मकानों के सर्वे में मनमानी की गई। इससे लोगों को उनके घरों का स्वामित्व प्रमाण नहीं मिल पाया। करीब तीन साल पहले केन्द्र सरकार ने गांवों में बने मकानों का सर्वे कराए जाने के बाद लोगों को उनके मकानों का स्वामित्व प्रमाण दिए जाने के निर्देश दिए थे। इसमें राजस्व विभाग की ओर से गांवों में बने मकानों का ड्रोन कैमरे से सर्वे भी कराया गया। सर्वे कराए जाने के बाद राजस्व कर्मियों की ओर से बनाई गई रिपोर्ट में जमकर मनमानी की गई। राजस्व कर्मियों की मनमानी और लापरवाही के चलते कई मकानों की सर्वे रिपोर्ट में गड़बड़ी की गई। इससे इस तरह के सैकड़ों मकान सर...
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