चतरा, फरवरी 24 -- मयूरहंड प्रतिनिधि आज के दौर में जहां लोग नौकरी के पीछे भाग रहे हैं, वहीं ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं ने अपनी मेहनत और लगन से स्वरोजगार की नई इबारत लिखनी शुरू कर दी है। इसका जीवंत उदाहरण बेलखोरी गांव के सूर्यभान कुशवाहा के पत्नी वीणा देवी ने पेश किया है। वीणा ने एक गाय अपने मामा के घर से लाकर गाय पालन शुरू किया। इसके बाद दूसरी गाय 18 हजार में खरीदकर लाई। आज के समय में इनके पास पांच गाय दुधारू है। जिससे करीब 40 हजार रुपए प्रतिमाह की आमदनी कर रही है। पति पेंटिंग का काम बाहर में करते हैं। इस काम को वीणा खुद संभालती है। उसने बताया कि बैठ कर समय गंवाने से अच्छा है कि अपने आप को व्यस्त रखना। एक घंटा सुबह और एक घंटा शाम को मैं इनको समय देती हूं। आज के समय में पैसे का मोहताज नहीं हूं। दूध के पैसे से एक स्कूटी खरीदी हूं जिससे दूध क...
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