अहमदाबाद, मार्च 9 -- गौतम गंभीर इस एक बात को कहते हुए कभी नहीं थकते। असल में वह इसे हर मौके पर उन लोगों के लिए दोहराते हैं जिन्होंने इस पर ध्यान नहीं दिया है और वह यह है कि मुख्य कोच के तौर पर उनके कार्यकाल में निजी उपलब्धियों का जश्न नहीं मनाया जाएगा। इस सिद्धांत की सबसे नवीनतम झलक तब दिखी जब भारत ने रविवार को यहां फाइनल में बेजोड़ प्रदर्शन करते हुए न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर अपना तीसरा टी20 विश्व कप खिताब जीता। आईसीसी के वैश्विक फाइनल में दो बार अपनी टीम के लिए शीर्ष स्कोरर रहे गंभीर ने जोर देते हुए कहा, ''मुझे लगता है कि सूर्या (भारत के टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव) के साथ मेरा सामान्य सा फलसफा हमेशा से यही रहा है कि उपलब्धियां मायने नहीं रखती। ट्रॉफी मायने रखती हैं। भारतीय क्रिकेट में बहुत लंबे समय से हम उपलब्धियों के बारे में बात कर...
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