बागपत, अप्रैल 19 -- बड़ौत। गेहूं की कटाई और मड़ाई के कारण वातावरण में उड़ने वाले भूसे और धूल के कणों ने सांस एवं दमा के मरीजों की परेशानी बढ़ा दी है। वहीं मौसम में बदलाव के चलते लोग बुखार और डायरिया की चपेट में आने लगे हैं। वर्तमान में क्षेत्र में गेहूं की कटाई और मड़ाई का काम तेजी से चल रहा है। अधिकांश किसान मड़ाई के लिए थ्रेशर का उपयोग कर रहे हैं, जिससे बड़ी मात्रा में भूसा और धूल के कण हवा में फैल रहे हैं। इन भूसे और धूल के कणों के संपर्क में आने से सांस और दमा के मरीजों की दिक्कतें बढ़ गई हैं। यह भी पढ़ें- थ्रेसर से दौनी होने से दूर-दूर तक जा रहे धूलकण इसके अतिरिक्त, दिन में अधिक तापमान और रात में हल्की ठंडक जैसे मौसमी बदलावों के कारण बुखार और डायरिया के मरीजों की संख्या में भी वृद्धि देखी जा रही है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. ...