गुरुग्राम, अगस्त 14 -- कृष्ण कुमार, गुरुग्राम गुरुग्राम शहर को जलभराव से आफत में डालने वाले 87 स्थानों की पहचान की गई है। आईआईटी गांधीनगर की रिपोर्ट पर अब गुरुग्राम नगर निगम ने यहां होने वाले जलभराव में कमी लाने के लिए व्यापक मास्टर प्लान तैयार करना शुरू कर दिया है। दरअसल, आईआईटी गांधीनगर की डिटेल रिपोर्ट से पहली बार शहर के भीतर बारिश के पानी के प्राकृतिक बहाव का सटीक ब्योरा सामने आया है। रिपोर्ट से खुलासा हुआ है कि गुरुग्राम में बारिश का पानी एक तरफ न बहकर अलग-अलग दिशाओं में बहता है, जिससे एक वार्ड का बरसाती पानी दूसरे वार्ड की कॉलोनियों और सेक्टरों में घुसकर तबाही मचाता है। यह भी पढ़ें- गुरुग्राम में बुलडोजर ऐक्शन शुरू, 31 अवैध इमारतें ध्वस्त; महीनेभर चलेगी तोड़फोड़ इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए निगम आयुक्त और निगम के वरिष्ठ अधिकारि...