गुमला, मार्च 2 -- गुमला नगर परिषद चुनाव का परिणाम केवल एक अध्यक्ष पद की जीत नहीं, बल्कि स्थानीय राजनीति में बड़ा संदेश है। भाजपा समर्थित प्रत्याशी शकुंतला उरांव ने कांग्रेस-जेएमएम गठबंधन से नगर परिषद अध्यक्ष की कुर्सी छीनकर भाजपा को लंबे समय बाद बड़ी राहत दी है। लोकसभा और विधानसभा चुनावों में मिली हार से जूझ रही भाजपा के लिए यह जीत किसी राजनीतिक संजीवनी से कम नहीं मानी जा रही। 23 फरवरी को हुए चुनाव में कुल 23,531 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इसमें शकुंतला उरांव ने 32.29 प्रतिशत वोट हासिल कर सबसे आगे रहते हुए जीत दर्ज की। खास बात यह रही कि भाजपा के ही दो बागी प्रत्याशी ब्रिजिट कांति टोप्पो और रामेश्वरी उरांव ने क्रमशः 7.01 और 3.47 प्रतिशत मत प्राप्त कर भाजपा समर्थित प्रत्याशी की राह मुश्किल बनाने की कोशिश की। इसके बावजूद शकुंत...
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