गुप्त नवरात्रि के आध्यात्मिक और तांत्रिक महत्व का सुनाया वर्णन
मिर्जापुर, जुलाई 21 -- विंध्याचल, हिन्दुस्तान संवाद। विंध्याश्रम में श्रीमद्देवीभागवत महापुराण कथा के सप्तम दिवस पर कथा वाचक जगद्गुरु डॉ. बालगोविंदाचार्य महाराज ने श्रद्धालुओं को गुप्त नवरात्र के आध्यात्मिक एवं तांत्रिक महत्व का विस्तृत वर्णन सुनाया। कहा कि यह पर्व मां आदिशक्ति की आराधना, मंत्र-जप, साधना एवं सिद्धि प्राप्ति का अत्यंत दुर्लभ और पुण्यदायी अवसर है। इस काल में श्रद्धा, नियम और निष्ठा के साथ की गई देवी उपासना साधक को विशेष आध्यात्मिक शक्ति एवं देवी कृपा प्रदान करती है। यह भी पढ़ें- Biharsharif News: महाष्टमी पर मां आदि शक्ति की आराधना में लीन हुए श्रद्धालुश्रीयंत्र की दिव्य महिमा कथा के दौरान महाराज ने श्रीयंत्र की दिव्य महिमा का वर्णन करते हुए बताया कि श्रीयंत्र मां त्रिपुरासुन्दरी का साक्षात स्वरूप माना गया है। शास्त्रोक्त व...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.