बदायूं, मई 11 -- क्षेत्र के गांव गुधनी स्थित प्रज्ञा यज्ञ मंदिर में आचार्य संजीव रूप के निर्देशन में साप्ताहिक सत्संग और यज्ञ का आयोजन किया गया। अथर्ववेद के मंत्रोच्चारण के साथ श्रद्धालुओं ने विश्व कल्याण की कामना हेतु आहुतियां दीं। आचार्य संजीव रूप ने आध्यात्मिक बोध कराते हुए कहा कि ईश्वर मनुष्य के भीतर ही विद्यमान है, जिसे अज्ञानता के कारण वह बाहर खोजता है। मातृ दिवस पर मां की महिमा बताते हुए उन्होंने कहा कि मां केवल जन्मदात्री नहीं, बल्कि बच्चों में संस्कार, प्रेम और नैतिकता का संचार करने वाली प्रथम गुरु है। डॉ. सत्यम आर्य ने यज्ञ के वैज्ञानिक महत्व को समझाया। यह भी पढ़ें- सांस्कृतिक कार्यक्रम संग मना मातृ दिवस इस अवसर पर राकेश आर्य, विचित्रपाल सिंह, सचिन आर्य, गुड्डू देवी, सूरजवती देवी, सुरजा देवी और कौशिकी रानी सहित अनेक श्रद्धालु उप...