लखीसराय, अगस्त 1 -- सूर्यगढ़ा, निज प्रतिनिधि। प्रखंड के मेदनीचौकी थाना के ताजपुर पंचायत के भिड़हा राजयोग केन्द्र के प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के द्वारा श्रीमद् भागवत गीता मेले का आयोजन किया गया।

मेले का शुभारंभ द्वादश ज्योतिर्लिंग दर्शन तथा मेले का शुभारंभ करते हुए राजयोगिनी बीके कंचन दीदी ने कहा कि गीता केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं है। यह श्रेष्ठ जीवन जीने की कला सिखाने वाला ईश्वरीय ज्ञान है। जब मनुष्य स्वयं को आत्मा और परमात्मा को अपना पिता मानकर राजयोग का अभ्यास करता है तो उसके जीवन में शांति, सुख, प्रेम एवं शक्ति का अनुभव स्वयं होने लगता है। वर्तमान समय में बढ़ते तनाव, अशान्ति और नैतिक मूल्यों के पतन के बीच गीता का आध्यात्मिक ज्ञान समाज को नई दिशा देने का कार्य कर रहा है।

राजयोग ध्यान का महत्व राजयोग ध्यान के माध्यम...