गिरडीह, जुलाई 17 -- गिरिडीह। गिरिडीह में कथित अवैध खनन को लेकर दायर जनहित याचिका को झारखंड हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया है। होईकोर्ट ने याचिका खारिज करने के साथ-साथ बेहद सख्त टिप्पणी की है। चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस राजेश शंकर की खंडपीठ ने याचिकाकर्ता की मंशा पर गंभीर सवाल उठाए हैं। अदालत ने कहा कि यह पब्लिक इंटरेस्ट लिटिगेशन (जनहित याचिका) नहीं, बल्कि पैसे इनकम लिटिगेशन (पैसा कमाने की याचिका) लगती है। अदालत ने याचिका को सुनवाई के योग्य नहीं माना। हाईकोर्ट ने याचिका खारिज करते हुए सुप्रीम कोर्ट के अशोक कुमार पांडेय बनाम पश्चिम बंगाल राज्य (2004) मामले के फैसले का हवाला दिया है। शीर्ष अदालत ने इस फैसले में माना था कि किस तरह निजी स्वार्थ और जबरन वसूली के लिए जनहित याचिकाओं का दुरुपयोग किया जा रहा है। मामले में याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्...