चंदौली, जनवरी 25 -- नौगढ़, हिन्दुस्तान संवाद। कस्बा स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में आयोजित गायत्री परिवार की ओर से महायज्ञ एवं प्रज्ञा पुराण कथा के दौरान रविवार को 24 दंपत्तियों का सामूहिक संस्कार (दंपति सम्मेलन) वैदिक विधि-विधान के साथ सम्पन्न कराया गया। इस दौरान दंपति जीवन के बारे में जानकारी दी गई। वृन्दावन की कथावाचिका राधा शर्मा ने कहा कि आज के समय में आवश्यकता है अपनी प्रज्ञा को जागृत करने की, जिसके लिए एक ही मंत्र सर्वश्रेष्ठ है गायत्री मंत्र। कहा कि सृष्टि निर्माण से पूर्व भी गायत्री देवी का अस्तित्व माना गया है। ब्रह्मा ने हजारों वर्षों तक गायत्री मंत्र का जाप कर सृष्टि की रचना किया। कथावाचिका ने कहा कि शरीर से प्राण निकलते ही मृत्यु हो जाती है। जिससे स्पष्ट है कि जीवन में सबसे मूल्यवान प्राण हैं। उन्होंने बताया कि नाराजगी और नकारात...
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