धनबाद, अप्रैल 27 -- गर्मी में भू-धंसान से धनबाद कोयला क्षेत्र में कोहराम है। केंदुआडीह एवं टंडाबाड़ी की घटनाओं ने सभी को सतर्क कर दिया है। गर्मी में भू-धंसान की बड़ी घटनाएं इस बात का संकेत हैं कि यदि समय रहते अतिसंवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले लोगों का सुरक्षित पुनर्वास नहीं किया गया, तो मानसून में बड़ी अनहोनी हो सकती है। फिलहाल 41 से अधिक अतिसंवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। केंदुआडीह मुद्दे पर वरीय अधिकारियों के साथ बैठक में एक क्षेत्रीय अधिकारी ने बताया कि स्थिति इतनी खराब है कि कई कोयला क्षेत्रों में खनन के बाद जमीन के अंदर क्या स्थिति है, इसकी मुकम्मल जानकारी बीसीसीएल और डीजीएमएस तक को नहीं है। यह भी पढ़ें- मलबे से सुरक्षित निकाली गई कार और आठ अलमारियां बिना प्लानिंग के निजी मालिकों की ओर से पूर्व में कराए गए...