गढ़वा, मार्च 13 -- गढ़वा, हिटी। गर्मी के दस्तक के साथ ही जिला मुख्यालय से लेकर सुदूरवर्ती गांवों में जलसंकट गहराने लगा है। कई इलाकों में चापाकल और जलमीनार खराब पड़े हैं तो कई इलाकों में जलस्तर नीचे चले जाने से पानी कम मिल रहा है। दोनों ही स्थितियों में ग्रामीण पानी के लिए परेशान हैं। अभी से ही ग्रामीण चापाकल खराब होने के कारण दूर से पानी का बंदोबस्त करना पड़ रहा है। वहीं जहां जलस्तर कम होने से पानी कम मिल रहा है वहां पानी के लिए लोग अपनी बारी का इंतजार करते मिल रहे हैं। विभागीय आंकड़ों के अनुसार पेयजल एवं स्वच्छता विभाग अंतर्गत जिले के सभी 20 प्रखंडों में कुल 17 हजार 294 चापाकल हैं। उनमें से 15 हजार 163 चापाकल चालू हालत में हैं। वहीं करीब 2111 चापाकल विभिन्न कारणों से खराब हैं। विभाग की ओर से लोगों से अपील किया गया है कि खराब पड़े चापालकों...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.