गढ़वा, मार्च 17 -- जिले में रसोई गैस की किल्लत का सीधा असर अब बिजली की खपत पर दिखाई देने लगा है। शहरी क्षेत्रों में सुबह और शाम के समय बिजली की मांग में करीब पांच से दस प्रतिशत तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गैस सिलेंडर की उपलब्धता कम होने के कारण लोग खाना बनाने के लिए इंडक्शन चूल्हा और इलेक्ट्रिक स्टोव जैसे विकल्पों का तेजी से इस्तेमाल कर रहे हैं। बिजली विभाग के अनुसार पिछले कुछ दिनों में घरेलू उपभोक्ताओं की खपत में वृद्धि देखी गई है। खासकर सुबह नाश्ता बनाने और शाम को भोजन पकाने के समय बिजली की मांग अचानक बढ़ जाती है। विभाग के अधिकारी अब इस बढ़ी हुई मांग और खपत का आकलन करने में जुटे हैं, ताकि आपूर्ति व्यवस्था को संतुलित रखा जा सके। जानकारी के मुताबिक जिले में रसोई गैस की आपूर्ति पिछले कुछ समय से प्रभावित है। कई उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर नही...