संभल, मार्च 2 -- विकासखंड गुन्नौर के नरोरा बैराज के गंगा किनारे बना अंत्येष्टि स्थल और उसके सामने निर्मित शौचालय आज बदहाली की मार झेल रहे हैं। लाखों रुपये की लागत से खुले में शौच से मुक्ति दिलाने के उद्देश्य से बनाए गए ये शौचालय अब खुद उपेक्षा का शिकार होकर जर्जर खड़े हैं। हालत यह है कि गंगा स्नान के लिए आने वाले श्रद्धालु और अंतिम संस्कार में शामिल होने वाले लोगों को मजबूरी में खुले में शौच जाना पड़ रहा है। इससे लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उसके बाद भी जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं। केन्द्र व प्रदेश सरकार द्वारा स्वच्छता व खुले में शौच को रोकने के लिए लगातार अभियान चलाकर लोगों को जागरुक किया जा रहा है। वहीं सरकार द्वारा शहर व ग्रामीण इलाकों में लाखों रुपये की लागत से शौचालय बनवाये जा रहे हैं। जिससे की लोग खुले में श...