भभुआ, मई 21 -- रोहिणी नक्षत्र में बिचड़ा डालने के लिए खेत तैयार करने में जुटे जिले के किसान बोले किसान, घरों में डीजल जमा कर लेने से प्रभावित नहीं होगी धान की रोपनी ग्राफिक्स 1.39 लाख हेक्टेयर भूमि में धान की रोपनी का लक्ष्य 1.41 लाख हेक्टेयर में पिछले साल हुई थी धान की खेती (पेज चार) भभुआ, हिन्दुस्तान संवाददाता। यह भी पढ़ें- खेती के लिए भी गैलन और ड्रम में नहीं मिल रहा डीजलकिसानों की चिंता खाड़ी देशों में जारी तनाव के बीच पेट्रोल पंपों पर गैलन व ड्रम में तेल नहीं दिए जाने से खरीफ फसल की खेती को लेकर कैमूर के किसानों को अभी से चिंता सता रही है। तीन दिनों बाद 25 मई से रोहिणी नक्षत्र शुरू होगा। इस नक्षत्र में किसान धान का बिचड़ा डालना शुरू करेंगे। इसके लिए किसान खेतों की जुताई और उसमें पानी भरने का काम कर रहे हैं। बिचड़ा तैयार होने पर रोपनी होग...