फरीदाबाद, फरवरी 21 -- धनंजय चौहान, फरीदाबाद/चंडीगढ़। हरियाणा के सरकारी विभागों और सार्वजनिक उपक्रमों में वित्तीय अनियमितताओं को लेकर नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की ताजा रिपोर्ट सामने आने के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। रिपोर्ट के अनुसार वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान लापरवाही, निगरानी की कमी और नियमों की अनदेखी के कारण सरकार को लगभग 529 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व नुकसान हुआ। शुक्रवार को यह रिपोर्ट विधानसभा के पटल पर रखी गई। कैग ने कहा कि यदि समय पर निगरानी और जवाबदेही तय की जाती तो इस नुकसान को रोका जा सकता था, जिसमें फरीदाबाद स्मार्ट सिटी की कई परियोजनाओं के समय पर शुरू न होने से बजट बढ़ने की बात सामने आई है। हरियाणा का विधानसभा सत्र में शुक्रवार को कैग की रिपोर्ट पेश की गई। रिपोर्ट के मुताबिक 2,516 मामलों में करीब 26...