बदायूं, दिसम्बर 13 -- बदायूं संवाददाता। सनातन धर्म की परंपरा के अनुसार खरमास लगने के साथ ही विवाह, सगाई, मुंडन, गृह प्रवेश जैसे शुभ और मांगलिक कार्यक्रम बंद हो गये हैं। इसलिए अब शहनाई की गूंज सुनाई नहीं देगी, अब मकरसंक्रांति के बाद शुभ कार्यों की शुरूआत होगी। ज्योतिषाचार्य राजेश कुमार शर्मा ने बताया कि इस बार खरमास 15 दिसंबर से लग रहा है। उन्होंने बताया कि खरमास तब लगता है जब भगवान सूर्य का धनु या मीन राशि में प्रवेश होता है। इस तरह से खरमास साल भर में दो बार लगता है, जिसका समय एक महीने तक होता है। इस बार 15 दिसंबर को भगवान सूर्य का रात्रि 10:19 पर धनु राशि में प्रवेश होने जा रहा है। इसके बाद भगवान सूर्य अगले एक महीने इसी राशि में गोचर करने वाले हैं, फिर 14 जनवरी यानि मकर संक्रांति पर भगवान सूर्य का मकर राशि में प्रवेश होगा, भगवान सूर्य क...