पाकुड़, अप्रैल 30 -- ​अमड़ापाड़ा, एक संवाददाता। प्रकृति विहार पार्क में बना हवा महल अब पर्यटकों के लिए सुकून की जगह नहीं, बल्कि एक डेथ ट्रैप (मौत का जाल) बन चुका है। जमीन से करीब 70-80 फीट की ऊंचाई पर बने इस महल की सुरक्षा रेलिंग पूरी तरह टूटकर गायब हो चुकी है। सबसे डरावनी बात यह है कि इस ऊंचाई के ठीक नीचे बड़े-बड़े और नुकीले पत्थर हैं। ऐसे में अगर कोई बच्चा या पर्यटक संतुलन बिगड़ने से नीचे गिरता है, तो उसका बचना नामुमकिन होगा। यह भी पढ़ें- मंटू को मिली प्रकृति विहार पार्क की बंदोबस्तीप्रशासनिक लापरवाही पार्क में प्रतिदिन दर्जनों बच्चे और परिवार घूमने आते हैं। बच्चों की चंचलता और हवा महल की ऊंचाई पर सुरक्षा घेरा न होना एक बड़ी प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाता है। सुरक्षा के नाम पर वहां न तो कोई चेतावनी बोर्ड लगा है और न ही जर्जर हिस्से में जाने से ...