बांदा, जून 3 -- बांदा। कमासिन थाने के जामू गांव में दो माह पहले हुए खूनी संघर्ष की रिपोर्ट न्यायालय के आदेश पर दर्ज हुई। फसल की मड़ाई करते समय छह लोगों ने हंसिया व लाठी-डंडों से महिलाओं पर हमला कर दिया था और तमंचे से फायर झोंका था। आरोप है कि दबाव के चलते पुलिस ने थाने में रिपोर्ट नहीं दर्ज की। मेडिकल रिपोर्ट में भी चोंटे नहीं दिखाई गईं। जामू गांव के रजनीश ने सीजेएम प्रथम के न्यायालय में अधिवक्ता के माध्यम से याचिका दायर की थी। बताया कि उसके चाचा तेज प्रताप व वह दोनों एक साथ खेती कराते हैं। दो अप्रैल को अपने खेत में रजनीश, उसके चाचा तेज प्रताप, चाची गुड़िया व मां पुष्पा देवी फसलों की मड़ाई करा रहे थे। यह भी पढ़ें- खेत में मवेशी जाने पर परिवार को पीटा तभी परवार के चुन्नीलाल, उसकी पत्नी विद्या, भाई कुबेर, भतीजा हकला, कल्याण व भाभी बृजरानी ह...