रांची, मार्च 9 -- रांची, विशेष संवाददाता। कोडरमा के सतगांवा थाने के डुमरी गांव में चार लोगों की हत्या के दो आरोपियों की फांसी की सजा रद्द कर मामले से बरी कर दिया गया। जस्टिस आर मुखोपाध्याय और जस्टिस दीपक रोशन की खंडपीठ ने कहा कि मामले में गवाहों के बयान आपस में मेल नहीं खाते हैं, जिससे संदेह उत्पन्न होता है। कोर्ट ने यह भी कहा कि गवाहों के बयान पूरी तरह विश्वसनीय नहीं हैं। इसी आधार पर निचली अदालत द्वारा सुनाई गई फांसी की सजा निरस्त कर दी। फांसी की सजा पाए दो सजायाफ्ता संजय यादव एवं रामवृक्ष यादव ने सजा के खिलाफ अपील और राज्य सरकार द्वारा फांसी की सजा को कंफर्म करने को लेकर याचिका दाखिल की गई थी। सितंबर 2004 का है मामला25 सितंबर 2004 की शाम करीब 7:30 बजे जब सेवानिवृत्त शिक्षक कपिलदेव प्रसाद यादव अपने घर की छत पर बैठकर समाचार सुन रहे थे, उस...
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