नई दिल्ली, जनवरी 29 -- राजस्थान के कोटपूतली जिले की अरावली पहाड़ियों में विराजमान प्रसिद्ध छापाला भैरूजी मंदिर पर आयोजित होने वाले लख्खी मेले की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। इस बार मेले की सबसे बड़ी खासियत है लाखों श्रद्धालुओं के लिए तैयार की जा रही 651 क्विंटल चूरमा महाप्रसादी, जिसमें परंपरागत तरीकों के साथ आधुनिक मशीनों, खासकर जेसीबी और थ्रेसर की अहम भूमिका नजर आ रही है। आस्था और आधुनिक तकनीक का यह अनोखा संगम पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। मेला समिति और स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, करीब एक महीने से महाप्रसादी और मेले की व्यवस्थाओं को लेकर दिन-रात काम चल रहा है। ग्रामीण रोहिताश बताते हैं कि इतनी विशाल मात्रा में प्रसादी तैयार करना केवल मानवीय श्रम से संभव नहीं होता, इसलिए इस कार्य में तीन जेसीबी मशीनों को लगाया गया है। जेसीबी...