नई दिल्ली, जुलाई 2 -- आज के दौर में कॉर्पोरेट दुनिया किसी रेस के मैदान से कम नहीं है। आपको लगता होगा कि अगर आप अपने काम में माहिर हैं, रोज समय पर ऑफिस जाते हैं और अपना टारगेट पूरा करते हैं, तो आपकी तरक्की पक्की है। मगर क्या वाकई ऐसा होता है? सच्चाई इससे कोसों दूर है। सिर्फ अपना काम अच्छे से कर लेना ही कामयाबी की गारंटी नहीं रह गया है। लंबी रेस का घोड़ा बनने के लिए आपको ऑफिस के माहौल, आपसी तालमेल और खुद को सही तरीके से पेश करने का हुनर भी आना चाहिए। इसी कड़वे लेकिन बेहद जरूरी सच पर बेंगलुरु की रहने वाली चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) मीनल गोयल ने हाल ही में लिंक्डइन पर एक ऐसी पोस्ट लिखी है, जिसने कई लोगों की आंखें खोल दी हैं। मीनल ने कॉर्पोरेट जगत के उन अनकहे नियमों पर रोशनी डाली है, जिनके बारे में कोई कंपनी या एचआर कभी खुलकर बात नहीं करता।जब कड...