गोरखपुर, मई 31 -- गोरखपुर। मनीष मिश्र गरीबों का सिगरेट कहा जाने वाला बीड़ी कैंसर के खतरे को आठ गुना तक बढ़ा देता है। एम्स गोरखपुर की अगुवाई में देश के आठ बड़े चिकित्सा संस्थानों में किए गए शोध में यह खुलासा हुआ है। अध्ययन में पाया गया कि बीड़ी का कश उड़ाने वालों में कैंसर की आशंका चार गुना रहती है। एक से अधिक तंबाकू उत्पाद का इस्तेमाल करने पर खतरा और बढ़ जाता है। यह रिसर्च अंतरराष्ट्रीय जर्नल लैंसेट में प्रकाशन के लिए स्वीकार किया गया है। यह उत्तर भारत में बीड़ी सेवन के दुष्प्रभाव पर हुआ दूसरा रिसर्च है。 यह भी पढ़ें- फेफड़ों के कैंसर के 90% मामलों से जुड़ा धूम्रपानशोध की विस्तृत जानकारी एम्स के कार्यकारी निदेशक डॉ. विभा दत्ता के निर्देशन में सामुदायिक एवं पारिवारिक चिकित्सा विभाग के डॉ. यू वेंकटेश ने रिसर्च की अगुआई की। इसमें आरएमआरसी के ...