चंदौली, दिसम्बर 2 -- चंदौली, संवाददाता। कृषि विज्ञान केंद्र में मंगलवार को वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. नरेंद्र रघुवंशी की मौजूदगी में इफको की ओर से नैनो डीएपी का प्रदर्शन किया गया। वहीं नैनो डीएपी के प्रयोग से हुए फसलों को क्रॉप कटिंग कराकर उसकी गुणवत्ता जांचने के साथ ही उत्पादन परखा गया। इसमें अच्छी गुणवत्ता के साथ फसल के दानों में अधिक संख्या पाई गई। साथ ही उत्पादन में भी वृद्धि मिली। इस दौरान केवीके अध्यक्ष एवं कृषि वैज्ञानिक डॉ. नरेंद्र रघुवंशी ने बताया कि फसलों में नैनो डीएपी प्रयोग करने से खेतों में पैदावार अच्छी होती हैं। साथ ही दानों की संख्या बढ़ जाती हैं। एग्रो क्लाइमेट जोन में नर्सरी से लेकर फसलों की कटाई कृषि वैज्ञानिकों के उपस्थित में किया जाता है। आगामी रबी की फसलों में किसान गेहूं, चना, जौ, मटर, सरसों में नैनो डीएपी का शोधन कर बुआई...
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