लखनऊ, अगस्त 27 -- छोटा चीरा, अधिक सटीकता और मरीज की तेजी से रिकवरी। इन्हीं खूबियों के साथ केजीएमयू में रोबोटिक सर्जरी का सफर नए पड़ाव पर पहुंच गया है। दा विंची रोबोटिक शल्य प्रणाली से संस्थान में 100वीं सर्जरी सफलतापूर्वक पूरी की गई। इसके साथ ही केजीएमयू के रोबोटिक सर्जरी कार्यक्रम के तहत कुल 250 रोबोटिक ऑपरेशन का आंकड़ा पार हो गया। यह उपलब्धि संस्थान में न्यूनतम चीरे वाली अत्याधुनिक सर्जरी की बढ़ती विशेषज्ञता को दर्शाती है। केजीएमयू के रोबोटिक शल्य चिकित्सा कार्यक्रम के प्रभारी डॉ. एचएस पाहवा ने 100वीं सर्जरी को ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। इसमें छोटे चीरे के जरिए सर्जरी करने की सुविधा मिलती है। इससे सामान्य तौर पर मरीज को कम दर्द, कम रक्तस्राव और अस्पताल में अपेक्षाकृत कम समय रहने का फायदा मिल सकता है। जटिल और बेहद सूक्ष्म हिस्सों में सर्जरी...