लखनऊ, मई 29 -- केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर में पांच और नान पीजी जूनियर रेजिडेंट डॉक्टरों ने नौकरी छोड़ दी है। काम का दबाव अधिक होने से परेशान होकर रेजिडेंट ने इस्तीफा दिया है। अलग-अलग समय में रेजिडेंट ने इस्तीफा दिया है। अब ट्रॉमा में नॉन पीजी जूनियर रेजिडेंट के तकरीबन 50 प्रतिशत पद खाली हैं। इसकी वजह से कैजुअल्टी में मरीजों को सबसे ज्यादा दिक्कतें झेलनी पड़ रही है। ट्रॉमा सेंटर में करीब 400 बेड हैं। बेड भरने की दशा में स्ट्रेचर पर मरीजों को भर्ती कर इलाज मुहैया कराया जाता है। प्रतिदिन लगभग 200 मरीज ट्रॉमा में आ रहे हैं। पंजीकरण के बाद मरीजों को सबसे पहले कैजुअल्टी में भर्ती किया जाता है। कैजुअल्टी में 42 बेड हैं। यहां प्राथमिक इलाज व तबीयत स्थिर होने के बाद मरीज को संबंधित विभाग में शिफ्ट किया जाता है।कैजुअल्टी में नॉन पीजी जूनियर रेजिडेंट के ...