नई दिल्ली, अगस्त 25 -- केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कृषि शिक्षा व्यवस्था में सुधार का आह्वान करते हुए कहा कि इसका पाठ्यक्रम प्रौद्योगिकी आधारित और किसानों की जरूरतों के अनुरूप होना चाहिए। कृषि मंत्री ने कृषि विश्वविद्यालयों के कुलपतियों के 36वें वार्षिक सम्मेलन का उद्घाटन किया। इस मौके पर कृषि राज्यमंत्री भागीरथ चौधरी और रामनाथ ठाकुर भी मौजूद रहे।चौहान ने कहा कि कृषि शिक्षा की सफलता का आकलन केवल बांटी गई डिग्रियों की संख्या से नहीं होना चाहिए, बल्कि इससे हासिल ज्ञान और कौशल तथा किसानों के जीवन में आए वास्तविक बदलाव के आधार पर किया जाना चाहिए।उन्होंने कृषि शिक्षा को नए सिरे से तैयार करने की जरूरत पर जोर देते हुए कहा कि इसे व्यावहारिक, तकनीक आधारित और किसानों की जरूरतों के अनुरूप बनाया जाना चाहिए। कृषि राज्यमंत्री भागीरथ चौधरी ...