नई दिल्ली, जनवरी 21 -- कूटनीति के साथ यूरोप का बाजार भी भारत के लिए अहम : अमेरिका से व्यापार क्षति की भरपाई यूरोप से संभव : बिना व्यापार समझौते के भी यूरोपीय संघ का ट्रेड बैलेंस, निर्यात और बढ़ने की उम्मीद नई दिल्ली मदन जैड़ा गणतंत्र दिवस समारोह में यूरोपीय परिषद एवं संघ के अध्यक्षों की मौजूदगी न सिर्फ भारत-यूरोप के छह दशक से ज्यादा कूटनीतिक रिश्तों को मजबूती प्रदान करेगी बल्कि इस दौरान संभावित मुक्त व्यापार समझौते से यूरोप के बाजार में भारत की पहुंच बढ़ेगी। विदेश मंत्रालय के अनुसार अमेरिका के बाद यूरोपीय संघ ही दूसरा ऐसा बड़ा व्यापारिक भागीदार है जिसके साथ भारत का ट्रेड बैलेंस है यानि व्यापार में भारत लाभ की स्थिति में है। वर्ना तमाम बड़ देशों के साथ भारत भारी व्यापार घाटे का सामना कर रहा है। 2024-25 के दौरान भारत- यूरोपीय संघ के बीच 135...