नई दिल्ली, जुलाई 19 -- भारतीय अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए 18 जुलाई 2026 का दिन ऐतिहासिक बन गया। देश की पहली निजी स्पेस कंपनी स्काईरूट एयरोस्पेस ने अपने स्वदेशी ऑर्बिटल-क्लास रॉकेट 'विक्रम-1' का सफल प्रक्षेपण कर नया इतिहास रच दिया। 'मिशन आगमन' के तहत रॉकेट ने 18 जुलाई को दोपहर 12:08 बजे आंध्र प्रदेश स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र के प्रथम लॉन्च पैड से सफल उड़ान भरी। इस उपलब्धि के साथ स्काईरूट भारत की निजी अंतरिक्ष कंपनियों के लिए एक नया मील का पत्थर स्थापित करने में सफल रही। स्काईरूट एयरोस्पेस के संस्थापक और सीईओ पवन कुमार चंदाना हैं, जिन्होंने अपने दोस्त और कंपनी के सीओओ नागा भरत डाका के साथ मिलकर इसकी शुरुआत की थी। आइए जानते हैं, कौन हैं पवन कुमार चंदना और कैसे उन्होंने इस ऐतिहासिक उपलब्धि तक का सफर तय किया।शुरुआती पढ़ाई थी कमजोर पवन कुमार च...