सहरसा, जून 19 -- सहरसा, वरीय संवाददाता। शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया में पारदर्शिता और दस्तावेजों की सत्यता सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई शुरू की है। टीआरई-1 के तहत कक्षा एक से पांच तक के विद्यालयों में पदस्थापित 25 शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। प्रारंभिक जांच के दौरान इन शिक्षकों के शैक्षणिक एवं प्रशिक्षण प्रमाणपत्रों में विभिन्न प्रकार की अनियमितताएं सामने आई हैं। इनमें सीटेट प्रमाणपत्र में त्रुटियां, विभागीय पोर्टल पर फोटो का मिसमैच होना तथा डीएलएड प्रमाणपत्रों में गड़बड़ियां प्रमुख रूप से शामिल हैं। यह भी पढ़ें- जयनगर, बेनीपट्टी व झंझारपुर अनुमंडल के अभ्यर्थियों का हुआ थंब इम्प्रेशनजांच प्रक्रिया शिक्षा विभाग द्वारा की गई जांच में पाया गया कि कुछ शिक्षकों के द्वारा प्रस्तुत केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सी...