कानपुर, जनवरी 28 -- कानपुर इनकम टैक्स बार एसोसिएशन की ओर से डायरेक्ट टैक्स स्टडी सर्किल मीटिंग में आयकर से जुड़े अहम पहलुओं पर चर्चा की गई। मुख्य वक्ता सीए विवेक खन्ना ने स्पष्ट किया कि आयकर विभाग द्वारा की जाने वाली कई करनिर्धारण एवं पुनः करनिर्धारण कार्यवाहियां कानूनी प्रक्रिया के उल्लंघन के कारण न्यायिक स्तर पर टिक नहीं पातीं और ऐसे मामलों में करदाताओं को महत्वपूर्ण राहत मिलती है। बताया कि करदाता को भेजे जाने वाले नोटिस की वैधता, कारणों का विधिवत रिकॉर्ड होना, समय-सीमा का पालन बेहद जरूरी है। अगर इन बिंदुओं में त्रुटि होती है तो करदाता के विरुद्ध की गई कार्रवाई कानूनन कमजोर हो जाती है। करदाता का अधिकार है कि वह यह जानें कि उसके विरुद्ध कार्रवाई किस आधार पर की जा रही है। सीए दीप कुमार मिश्र ने कहा कि करदाता अनावश्यक डर या दबाव में आकर जल...