रांची, अक्टूबर 6 -- रांची, विशेष संवाददाता। न्यायायुक्त सह डालसा अध्यक्ष अनिल मिश्रा ने कहा कि कार्यस्थल पर महिलाओं को सुरक्षित, सम्मानजनक और अनुकूल माहौल उपलब्ध कराना जरूरी है। महिलाओं को यौन उत्पीड़न से सुरक्षा देने के लिए लागू पॉस अधिनियम, 2013 संगठित और असंगठित क्षेत्र में काम करने वाली महिलाओं के लिए मजबूत कानूनी सुरक्षा कवच है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को अपने अधिकारों और शिकायत निवारण की प्रक्रिया की जानकारी होना भी उतना ही जरूरी है। वह मंगलवार को व्यवहार न्यायालय परिसर स्थित 40 कोर्ट्स बिल्डिंग के हॉल में झारखंड जिला न्यायालय जेंडर सेंसिटाइजेशन और पॉस अधिनियम पर एकदिवसीय कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। कार्यशाला के प्रथम सत्र में नासरीन जमाल ने पॉस अधिनियम का परिचय देते हुए इसके उद्देश्य और प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि...