मऊ, मार्च 11 -- मऊ, संवाददाता। जिलाधिकारी प्रवीण मिश्र की अध्यक्षता में मंगलवार को कलक्ट्रेट सभागार में घरेलू हिंसा से पीड़ित महिला संरक्षण अधिनियम-2005 के अंतर्गत कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में आई महिलाओं ने अपनी-अपनी समस्या बताई। कार्यशाला में जिलाधिकारी ने बताया कि पहले सती प्रथा थी। जिसमें महिलाओं को जीवित ही जला दिया जाता था। सती प्रथा को देखते हुए महिलाओं के लिए कानून बनाया गया और सती प्रथा पर रोक लगाई गई। साथ ही महिलाओं को बताया की प्रत्येक नारी को अपना जीवन पूरी स्वतंत्रता के साथ जीने का पूरा अधिकार है। कार्यशाला के दौरान जिला प्रोबेशन अधिकारी डा.श्वेता त्रिपाठी ने महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में बताया। संयुक्त अभियोजन अधिकारी सीके राय तथा प्रिया सिंह ने बताया कि शादीशुदा जैसी परिस्थिति में रहने वाली महिला का उनके ...