बरेली, जुलाई 30 -- सावन की शुरुआत के साथ ही कांवड़ यात्रा का उत्साह चरम पर पहुंच गया है। इसी के साथ बरेली का करीब तीन दशक पुराना मटकी चौकी कांवड़ बाजार भी पूरी तरह सज गया है। यहां तैयार होने वाली आकर्षक कांवड़ें न केवल बरेली, बल्कि बदायूं, पीलीभीत, शाहजहांपुर, रामपुर और लखीमपुर खीरी तक अपनी खास पहचान बना चुकी हैं। सावन के दिनों में यह बाजार शिवभक्तों और खरीदारों से गुलजार रहता है। कारीगरों के अनुसार सावन शुरू होने से करीब डेढ़ माह पहले ही कांवड़ बनाने का काम शुरू हो जाता है। बांस, रंग-बिरंगे कपड़ों, चमकीली पन्नियों और सजावटी सामग्री से तैयार की जाने वाली पारंपरिक कांवड़ों ने समय के साथ आधुनिक रूप भी ले लिया है। यह भी पढ़ें- Bareily News: कांवड़ियों की सुरक्षा को कांवड यात्रा मार्ग से घाट तक रहेगी पुलिस की नजर श्रद्धालुओं की मांग के अनुसार...