कानपुर, मार्च 25 -- रसूलाबाद, संवाददाता। कहिंजरी क्षेत्र के ढाई दर्जन गांवों के पशु पालक मवेशियों को इलाज न मिलने से भटक रहे हैं। पशु अस्पताल में डाक्टर सहित अन्य कर्मियों की तैनाती न होने से खासी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। रसूलाबाद क्षेत्र के कहिंजरी में पुराना पशु अस्पताल बना हुआ है। अस्पताल में तैनात डा. विनय राजपूत को रसूलाबाद अस्पताल में सम्बद्ध किया गया है। इसके अलावा फार्मासिस्ट, पशुधन प्रसार अधिकारी व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी तक की तैनाती नहीं है। आसपास के करीब ढ़ाई दर्जन गांवों के लोग मवेशियों का इलाज कराने अस्पताल पहुंचते हैं, लेकिन उन्हें अक्सर तालाबंदी मिलती है। इलाज व दवाइयां न मिलने से पशुपालक परेशान हो रहे हैं। उन्हें मजबूरीवश झोलाछाप डॉक्टरों से इलाज कराना पड़ रहा है। इससे अधिक पैसा खर्च करना पड़ता है और बेहतर ढंग से इलाज ...